तफ़सीर अल-मुख़्तसर
بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَـٰنِ ٱلرَّحِيمِ لَمْ يَكُنِ ٱلَّذِينَ كَفَرُوا۟ مِنْ أَهْلِ ٱلْكِتَـٰبِ وَٱلْمُشْرِكِينَ مُنفَكِّينَ حَتَّىٰ تَأْتِيَهُمُ ٱلْبَيِّنَةُ ﴿١﴾
यहूदियों, ईसाइयों और मुश्रिकों में से जिन लोगों ने कुफ़्र किया, वे कुफ़्र पर अपनी सर्वसम्मति और एकजुटता से हटने वाले नहीं थे, जब तक कि उनके पास एक स्पष्ट प्रमाण और एक स्पष्ट तर्क न आ जाए।