तफ़सीर अल-मुख़्तसर
بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَـٰنِ ٱلرَّحِيمِ سَبِّحِ ٱسْمَ رَبِّكَ ٱلْأَعْلَى ﴿١﴾
अपने उस पानलहार की पवित्रता का वर्णन करें, जो अपनी सृष्टि के ऊपर है, उसे याद करते और उसका महिमामंडन करते समय अपनी ज़बान से उसका नाम लेते हुए।
तफ़सीर अल-मुख़्तसर
بِسْمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحْمَـٰنِ ٱلرَّحِيمِ سَبِّحِ ٱسْمَ رَبِّكَ ٱلْأَعْلَى ﴿١﴾