तफ़सीर अल-मुख़्तसर
فَكَذَّبُوهُ فَأَخَذَهُمْ عَذَابُ يَوْمِ ٱلظُّلَّةِ ۚ إِنَّهُۥ كَانَ عَذَابَ يَوْمٍ عَظِيمٍ ﴿١٨٩﴾
चुनाँचे वे शुऐब अलैहिस्सलाम को झुठलाते रहे, तो उनपर एक बड़ी यातना आ पड़ी।एक भीषण गरमी वाले दिन के बाद, उनपर बादल छा गया, फिर उनपर आग बरसाकर उन्हें जला दिया। निश्चय उनके विनाश का दिन बड़े भय का दिन था।