तफ़सीर अल-मुख़्तसर
إِنَّ فِى ذَٰلِكَ لَـَٔايَةً ۖ وَمَا كَانَ أَكْثَرُهُم مُّؤْمِنِينَ ﴿١٧٤﴾
कुकर्म के कारण लूत की जाति पर उतरने वाले उपर्युक्त अज़ाब में, सीख ग्रहण करने वालों के लिए निश्चय बड़ी सीख है। और उनमें से अधिकांश लोग ईमान लाने वाले नहीं थे।