तफ़सीर अल-मुख़्तसर
وَٱلَّذِينَ يَقُولُونَ رَبَّنَا هَبْ لَنَا مِنْ أَزْوَٰجِنَا وَذُرِّيَّـٰتِنَا قُرَّةَ أَعْيُنٍ وَٱجْعَلْنَا لِلْمُتَّقِينَ إِمَامًا ﴿٧٤﴾
तथा जो लोग अपने पालनहार से दुआ करते हुए कहते हैं : ऐ हमारे पालनहार! हमें हमारी पत्नियों में से और हमारी संतान में से कोई ऐसा प्रदान कर, जो अपनी धर्मपरायणता और सत्य पर दृढ़ता के कारण हमारी आँखों को सुकून दे। और हमें सच्चाई में परहेज़गारों का 'इमाम' (अग्रगामी) बना कि हमारा अनुसरण किया जाए।