तफ़सीर अल-मुख़्तसर
أَلَمْ يَرَوْا۟ إِلَى ٱلطَّيْرِ مُسَخَّرَٰتٍ فِى جَوِّ ٱلسَّمَآءِ مَا يُمْسِكُهُنَّ إِلَّا ٱللَّهُ ۗ إِنَّ فِى ذَٰلِكَ لَـَٔايَـٰتٍ لِّقَوْمٍ يُؤْمِنُونَ ﴿٧٩﴾
क्या बहुदेववादियों ने पक्षियों को वशीभूत, हवा में उड़ने के लिए तैयार नहीं देखा, कि अल्लाह ने उन्हें पंख प्रदान करके और हवा को हल्की बनाकर तथा उन्हें अपने पंख को फैलाने और समेटने की प्रेरणा देकर कैसे उड़ने के लायक़ बनाया? उन्हें हवा में गिरने से केवल अल्लाह सर्वशक्तिमान ही रोकता है। निश्चय इस वशीकरण और गिरने से थामे रखे में उन लोगों के लिए संकेत हैं, जो अल्लाह पर विश्वास रखते हैं; क्योंकि वही लोग संकेतों और शिक्षाओं से लाभ उठाते हैं।