तफ़सीर अल-मुख़्तसर
يُنۢبِتُ لَكُم بِهِ ٱلزَّرْعَ وَٱلزَّيْتُونَ وَٱلنَّخِيلَ وَٱلْأَعْنَـٰبَ وَمِن كُلِّ ٱلثَّمَرَٰتِ ۗ إِنَّ فِى ذَٰلِكَ لَـَٔايَةً لِّقَوْمٍ يَتَفَكَّرُونَ ﴿١١﴾
अल्लाह उसी पानी से तुम्हारे लिए खेतियाँ (फसलें) उगाता है, जिनसे तुम खाते हो, और उसी (पानी) से तुम्हारे लिए ज़ैतून, खजूर और अंगूर तथा सभी प्रकार के फल उगाता है। निःसंदेह उस पानी और उससे पैदा होने वाली चीज़ों में, उन लोगों के लिए अल्लाह के सामर्थ्य की निशानी है, जो अल्लाह की रचना पर सोच-विचार करते हैं और उससे अल्लाह महिमावान की महानता का पता चलाते हैं।