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يوسف

आयत 73

तफ़सीर अल-मुख़्तसर

قَالُوا۟ تَٱللَّهِ لَقَدْ عَلِمْتُم مَّا جِئْنَا لِنُفْسِدَ فِى ٱلْأَرْضِ وَمَا كُنَّا سَـٰرِقِينَ ﴿٧٣﴾

यूसुफ़ के भाइयों ने उनसे कहा : अल्लाह की क़सम! निश्चय तुम हमारी ईमानदारी और बेगुनाही को जान चुके हो, जैसा कि तुमने हमारी स्थितियों से देखा है। यक़ीन मानो हम मिस्र में बिगाड़ पैदा करने के लिए नहीं आए हैं, और हम अपने जीवन में कभी चोर नहीं थे।