तफ़सीर अल-मुख़्तसर
إِنَّ فِى ذَٰلِكَ لَـَٔايَةً لِّمَنْ خَافَ عَذَابَ ٱلْـَٔاخِرَةِ ۚ ذَٰلِكَ يَوْمٌ مَّجْمُوعٌ لَّهُ ٱلنَّاسُ وَذَٰلِكَ يَوْمٌ مَّشْهُودٌ ﴿١٠٣﴾
निश्चय ही अल्लाह के उन अत्याचारी बस्तियों को पकड़ने में उसके लिए सीख और उपदेश है, जो क़ियामत के दिन के अज़ाब से डरता हो। यह वही दिन है, जिसमें अल्लाह लोगों को उनके हिसाब-किताब के लिए एकत्रित करेगा, और वह उपस्थिति का दिन है, जिसमें सभी मह्शर वाले उपस्थित होंगे।