तफ़सीर अल-मुख़्तसर
فَهَلْ يَنتَظِرُونَ إِلَّا مِثْلَ أَيَّامِ ٱلَّذِينَ خَلَوْا۟ مِن قَبْلِهِمْ ۚ قُلْ فَٱنتَظِرُوٓا۟ إِنِّى مَعَكُم مِّنَ ٱلْمُنتَظِرِينَ ﴿١٠٢﴾
तो क्या ये झुठलाने वाले लोग उसी तरह की घटनाओं की प्रतीक्षा कर रहे हैं, जिनसे अल्लाह ने इनसे पहले के झुठलाने वाले समुदायों को ग्रस्त किया था?! आप (ऐ रसूल!) उनसे कह दीजिए : तुम अल्लाह की यातना की प्रतीक्षा करो, मैं (भी) तुम्हारे साथ अपने पालनहार के वादे की प्रतीक्षा कर रहा हूँ।